हरेला केवल एक पर्व नहीं, बल्कि प्रकृति के प्रति उत्तराखंड की आस्था और संवेदनशीलता का प्रतीक है : उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी
हरेला केवल एक पर्व नहीं, बल्कि प्रकृति के प्रति उत्तराखंड की आस्था और संवेदनशीलता का प्रतीक है : उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी
लोकपर्व हरेला के पावन अवसर पर मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने पर्यावरण संरक्षण को जनआंदोलन का स्वरूप देने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। देहरादून के कैनाल रोड स्थित चिड़ोवाली क्षेत्र से शुरू हुए ‘हरित दून अभियान’ के तहत अगले एक वर्ष में एक लाख पौधे लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। अभियान की शुरुआत एमडीडीए के उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने पौधरोपण कर की। इस दौरान स्थानीय नागरिकों, सामाजिक संगठनों, विद्यार्थियों और अधिकारियों ने भी उत्साहपूर्वक पौधे लगाए और उनके संरक्षण का संकल्प लिया।
हरेला केवल एक पर्व नहीं, बल्कि प्रकृति के प्रति उत्तराखंड की आस्था और संवेदनशीलता का प्रतीक है। ऐसे में एमडीडीए का यह अभियान लोगों को प्रकृति से ज...
