Saturday, October 24News That Matters



कश्मीर से धारा 370 हटाने का सबसे ज्यादा दुख कांग्रेस को है  

 

कश्मीर से धारा 370 हटाने का सबसे ज्यादा दुख कांग्रेस को है

मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को कर्णप्रयाग, चमोली में नगर निकाय चुनाव में कर्णप्रयाग से भाजपा प्रत्याशी श्री गणेश शाह एवं गौचर से भाजपा प्रत्याशी श्री अनिल नेगी के पक्ष में आयोजित बाईक रैली एवं जनसभा में प्रतिभाग किया। रैली में बड़ी संख्या में मातृशक्ति, युवाओं ने मुख्यमंत्री का पुष्पवर्षा कर स्वागत किया।

मुख्यमंत्री ने जनता से कर्णप्रयाग और गौचर के निकाय चुनाव में दोनों भाजपा प्रत्याशियों को अपना समर्थन देकर विजय बनाने का आग्रह किया। देश और प्रदेश के साथ निकायों में भाजपा की ट्रिपल इंजन सरकार बनने से विकास कार्य तीन गुना तेजी से बढ़ेंगे। उन्होंने कहा राज्य सरकार प्रदेश के विकास को लगातार आगे बढ़ा रही है। भगवान बद्रीनाथ के धाम में मास्टर प्लान का कार्य गतिमान है। बाबा केदारनाथ धाम का दिव्य और भव्य निर्माण कार्य हुआ है। शहरों से ग्रामीण क्षेत्रों तक हर क्षेत्र में विकास कार्यों को आगे बढ़ाया गया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि गौचर के लिए हवाई सेवा प्रारंभ हो गई है। आने वाले समय में इस क्षेत्र को छोटी हवाई सेवाओं से भी जोड़ने वाले हैं। ऋषिकेश कर्णप्रयाग रेल सेवा शुरू होने से महज 2 घंटे में कर्णप्रयाग से ऋषिकेश पहुंचा जा सकेगा। जल्द ही इसका कार्य पूर्ण होगा। प्रदेश में 20 मॉडल डिग्री कॉलेजों की स्थापना की जा रही है। उत्तराखंड पहला ऐसा राज्य है जहां हेली एम्बुलेंस के माध्यम से मरीजों को ऋषिकेश एम्स पहुंचाया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के मार्गदर्शन में राज्य में ऐतिहासिक कार्य हो रहे। ऋषिकेश – कर्णप्रयाग रेल लाइन का कार्य पूरा होने से क्षेत्र में समृद्धि आएगी और यहां विकास को नई रफ्तार मिलेगी। राज्य में विभिन्न औद्योगिक विकास और गतिविधियों को बढ़ावा दिया जा रहा है। राज्य में रोजगार को बढ़ावा दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कर्णप्रयाग तहसील के गांव को एस्ट्रो विलेज के रूप में विकसित किया गया है।

यह भी पढ़ें -  धामी सरकार मोदी के मार्गदर्शन में सैनिकों और उनके परिवार को मिलने वाली सुविधाओं में वृद्धि करने के लिए पूर्ण रूप से प्रतिबद्ध: धामी सरकार ने उत्तराखण्ड के वीरता पदक से सम्मानित सैनिकों को देय एकमुश्त अनुदान राशि में भी वृद्धि की है धामी सरकार ने उत्तराखण्ड से द्वितीय विश्व युद्ध में भाग लेने वाले सैनिकों की वीरांगनाओं एवं वेटरन की पेंशन बढ़ाकर 10 हजार रूपये की धामी जी ने स्वतंत्रता संग्राम सेनानी और उनकी विधवाओं की प्रतिमाह पेंशन बढ़ाकर 25 हजार की धामी ने विजय दिवस पर शहीद स्मारक पर पुष्प चक्र अर्पित कर शहीदों को श्रद्धांजलि दी मुख्यमंत्री ने विजय दिवस पर भूतपूर्व सैनिकों, वीरांगनाओं को शॉल ओढ़ाकर और स्मृति चिन्ह् देकर सम्मानित किया मुख्यमंत्री ने कि घोषणा : सैनिक आश्रितों को भर्ती पूर्व दिये जाने वाले प्रशिक्षण के दौरान भोजन व्यवस्था के लिए प्रतिदिन दी जाने वाली धनराशि बढ़ाकर 225 रूपये विजय दिवस: आज का दिन भारतीय सेना के वीर जवानों के अदम्य साहस, शौर्य और पराक्रम का उत्सव मनाने का दिन : धामी विजय दिवस: 1971 का युद्ध अमानवीयता पर मानवता, दुराचार पर सदाचार और अन्याय पर न्याय की जीत का युद्ध था:धामी उत्तराखंड की भूमि, देवभूमि होने के साथ-साथ पराक्रम और बलिदान की भूमि भी है:धामी 1971 के भारत-पाक युद्ध में वीरभूमि उत्तराखंड के 255 जवानों ने भारत मां की रक्षा के लिए अपने प्राणों का उत्सर्ग किया था: धामी प्रधानमंत्री मोदी के मार्गदर्शन के अनुरूप देहरादून में पांचवे धाम सैन्य धाम का निर्माण कार्य प्रगति पर : धामी प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में जवानों का मनोबल तेजी से बढ़ा है: धामी सैन्य परिवारों के लिए विशेष योजनाएं बने, जिससे एक सैनिक को युद्ध में लड़ते समय अपने परिवार की चिंता न हो: धामी मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को गांधी पार्क, देहरादून में विजय दिवस के अवसर पर शहीद स्मारक पर पुष्प चक्र अर्पित कर शहीदों को श्रद्धांजलि दी। विजय दिवस पर मुख्यमंत्री ने भूतपूर्व सैनिकों, वीरांगनाओं को शॉल ओढ़ाकर और स्मृति चिन्ह् देकर सम्मानित किया। विजय दिवस के अवसर पर आयोजित निबंध एवं कला प्रतियोगिता में प्रथम तीन स्थान प्राप्त करने वाले छात्र-छात्राओं को भी मुख्यमंत्री ने सम्मानित किया। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर घोषणा की कि सैनिक आश्रितों को भर्ती पूर्व दिये जाने वाले प्रशिक्षण के दौरान भोजन व्यवस्था के लिए प्रतिदिन दी जाने वाली धनराशि 80 रूपये से बढ़ाकर 225 रूपये प्रति प्रशिक्षणार्थी की जायेगी राज्य के गढ़वाल और कुमांऊ मण्डल में सैनिक आश्रित युवाओं को सैनिक कल्याण एवं पुनर्वास विभाग, उत्तराखण्ड द्वारा 56 दिनों का निःशुल्क प्रशिक्षण दिया जाता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज का दिन भारतीय सेना के वीर जवानों के अदम्य साहस, शौर्य और पराक्रम का उत्सव मनाने का दिन है। 1971 का युद्ध अमानवीयता पर मानवता, दुराचार पर सदाचार और अन्याय पर न्याय की जीत का युद्ध था। आज ही के दिन वर्ष 1971 में पाकिस्तान के 93,000 से अधिक सैनिकों ने हमारे वीर बहादुर सैनिकों के समक्ष घुटने टेके थे। द्वितीय विश्व युद्ध के बाद, किसी भी सेना का यह सबसे बड़ा आत्मसमर्पण था। यह युद्ध भारत के वीरों के अटल संकल्प और बलिदान का प्रत्यक्ष उदाहरण था। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड की भूमि, देवभूमि होने के साथ-साथ पराक्रम और बलिदान की भूमि भी है। 1971 के भारत-पाक युद्ध में वीरभूमि उत्तराखंड के 255 जवानों ने भारत मां की रक्षा के लिए अपने प्राणों का उत्सर्ग किया था। इस युद्ध में अपने अदम्य साहस और पराक्रम का परिचय देने वाले प्रदेश के 74 सैनिक विभिन्न वीरता पदकों से सम्मानित हुए थे। ऐसे सभी वीरों के बलिदान की अमर गाथाएं आज भी हमारे युवाओं को प्रेरणा देने का काम करती हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन के अनुरूप देहरादून में पांचवे धाम सैन्य धाम का निर्माण कार्य प्रगति पर है। यह धाम उन सभी वीरों को हमारी ओर से एक विनम्र श्रद्धांजलि होगी जिन्होंने अपने प्राणों की परवाह किये बिना तिरंगे की शान के लिए अपने प्राण न्यौछावर कर दिए थे। यह सैन्य धाम आने वाली पीढ़ियों के लिए राष्ट्र आराधना के एक दिव्य प्रेरणा पुंज के रूप में कार्य करेगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में जवानों का मनोबल तेजी से बढ़ा है। आज हमारे सैनिक अत्याधुनिक हथियारों से लैस हैं, उनकी सहायता और सुरक्षा के लिए विश्व स्तरीय उपकरण उपलब्ध करवाए जा रहे हैं। आज हमारे सैनिकों का मनोबल इतना ऊंचा है कि वो दुश्मन के घर में घुस कर उस पर कार्रवाई करने में समर्थ है। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड के मुख्य सेवक के रूप में उनका प्रयास रहता है कि सैन्य परिवारों के लिए विशेष योजनाएं बने, जिससे एक सैनिक को युद्ध में लड़ते समय अपने परिवार की चिंता न हो। राज्य सरकार प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन में सैनिकों और उनके परिवार को मिलने वाली सुविधाओं में वृद्धि करने के लिए पूर्ण रूप से प्रतिबद्ध है। राज्य सरकार ने उत्तराखण्ड के वीरता पदक से सम्मानित सैनिकों को देय एकमुश्त अनुदान राशि में भी वृद्धि की है। जिसके तहत परमवीर चक्र से सम्मानित सैनिक को 30 लाख से 50 लाख, महावीर चक्र 20 लाख से 35 लाख, कीर्ति चक्र 20 लाख से 35 लाख, वीर चक्र और शौर्य चक्र 15 से 25 लाख और सेना गेलेन्ट्री मेडल 07 लाख से 15 लाख करने को मंजूरी दी गई। उत्तराखण्ड से द्वितीय विश्व युद्ध में भाग लेने वाले सैनिकों की वीरांगनाओं एवं वेटरन की पेंशन प्रतिमाह 8 हजार रूपये से बढ़ाकर 10 हजार रूपये की है। स्वतंत्रता संग्राम सेनानी और उनकी विधवाओं की प्रतिमाह पेंशन 21 हजार से बढ़ाकर 25 हजार की गई है। इस अवसर पर सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी, विधायक खजान दास, सचिव सैनिक कल्याण दीपेन्द्र चौधरी, जिलाधिकारी देहरादून सोनिका, एसएसपी अजय सिंह, निदेशक सैनिक ब्रिगेडियर कल्याण अमृत लाल (से.नि), मेजर जनरल सम्मी सबरवाल(से.नि), रियर एडमिरल ओ.पी.सिंह राणा(से.नि), ब्रिगेडियर के.जी बहल(से.नि) एवं पूर्व सैन्य अधिकारी और वीरांगनाएं उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री ने कहा भू धंसाव से प्रभावित 205 परिवारों को भी मुख्य धारा से जोड़ा जाएगा। उनके विकास में कोई कसर नहीं छोड़ी जाएगी। उन्होंने कहा प्रधानमंत्री जी के नेतृत्व में राज्य में नकल विरोधी कानून, धर्मांतरण कानून, दंगारोधी कानून, लागू किया गया है। उन्होंने कहा उत्तराखंड की जनता के आशीर्वाद से यूसीसी विधेयक पारित करने वाला देश में पहला राज्य हमारा राज्य है। राज्य सरकार इसे जल्द लागू करेगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस के नेताओं की नियत सही नहीं है। कांग्रेस के प्रत्याशी जीतने के बाद जनता से दूरी बना लेंगे। कांग्रेस पार्टी जनहित की योजनाओं का विरोध कर रही है। कांग्रेस पार्टी, प्रदेश सरकार द्वारा किए गए विकास कार्यों को देखकर दुखी है। उन्हें दुख है कि देश और राज्य में विकास हो रहा है, और देश में राम मंदिर बन गया है। कश्मीर से धारा 370 हटाने का सबसे ज्यादा दुख कांग्रेस को है।

इस दौरान विधायक श्री अनिल नौटियाल, विधायक भोपाल राम टम्टा, पूर्व विधायक राजेंद्र सिंह भंडारी, भाजपा जिला अध्यक्ष रमेश मैखुरी, भाजपा से नगर पालिकाओ के अध्यक्ष प्रत्याशी श्री गणेश शाह ( कर्णप्रयाग) , प्रत्याशी श्री अनिल नेगी ( गौचर) एंव अन्य लोग मौजूद रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *